रायविचार और विश्लेषणविचार: हर घोषणापत्र के साथ उसकी क़ीमत भी होमतदाताओं को पता होना चाहिए कि वादे पर कितना ख़र्च होगा और कौन देगा।नंदिनी सहाय·3 नव॰, 1:51 pm